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Jun 16, 2023astrology

गोबरधन पूजा का क्या महत्व है ?

3 Answers
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@kanchansharma3716Nov 8, 2018

हिन्दू धर्म में कई त्यौहार ऐसे है, जिनका अपना ही महत्व है, इसमें से के गोबरधन पूजा भी है | गोबरधन पूजा दिवाली के अगले दिन मनाया जाता है | इस पूजा में गाय की पूजा की जाती है | गोबर्धन पूजा को अन्नकूट पूजा के नाम से भी जाना जाता है | गाय को भी लक्ष्मी का एक रूप माना गया है | जिस तरह दिवाली के दिन लक्ष्मी जी का पूजन शुभ माना गया है, उसी प्रकार दिवाली के अगले दिन गोबर धन पूजा का भी अपना एक महत्त्व है |


गोबर धन पूजा द्वापर युग में शुरू हुई थी | पहले लोग दिवाली के अगले दिन भगवान इंद्र की पूजा करते थे | उसके बाद भगवान कृष्णा ने मथुरा वासियों को भगवान इंद्र की जगह गोबरधन पूजा करने को कहा | भगवान कृष्णा ने कहा हमारी माता गाय है, जिससे हमारा व्यवसाय चलता है | सभी लोगों ने भगवान कृष्णा की बात मान ली और इंद्र की जगह गोबरधन पर्वत की और अपनी गाय की पूजा की |

इंद्र को इस बात से बहुत क्रोध आया और उन्होंने सभी लोगों को डराने के लिए तेज आंधी तूफ़ान और बारिश कर दी, जिसके कारण मथुरा के सभी लोग बहुत डर गए | तब भगवान कृष्णा ने अपनी एक ऊँगली पर गोबरधन पर्वत उठा लिया और सभी लोगों ने उस पर्वत के नीचे शरण ली | इंद्र का तेज बारिश का प्रकोप पूरे सात दिन चला और भगवान विष्णु के सुदर्शन चक्र की सहायता से मथुरा वासियों पर भरी वर्षा का कोई प्रभाव नहीं हुआ |

तब भगवान ब्रह्मा ने इंद्र को इस बात से अवगत करवाया की वो जिससे वर्षा के रूप में लड़ाई कर रहा है, वो और कोई नहीं भगवान विष्णु है | उसके बाद भगवान इंद्र ने वर्षा का प्रकोप शांत किया और भगवान कृष्णा से क्षमा मांगी | उस दिन के बाद से गोबरधन पूजा हिन्दू धर्म में दिवाली के बाद मनाई जाती है |

Govardhan-Puja-2018-letsdiskuss

विदुर नीति के अनुसार धन प्राप्ति के कौन से स्त्रोत हैं ? जानने के लिए नीचे link पर click करें -

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@setukushwaha4049Jun 14, 2023

हिन्दू धर्म मे गोवर्धन पूजा का विशेष महत्व होता है,
गोवर्धन पूजा करने का धार्मिक मान्यता यह है कि भगवान श्रीकृष्ण इंद्र का घमंड चूर करने के लिए उन्होंने गोवर्धन पर्वत को अपनी एक अंगुली पर उठाकर इंद्र का घमंड चूर कर दिया इसके बाद भगवान कृष्ण ने खुद ही कार्तिक शुक्ल प्रतिपदा के दिन 56 भोग बनाकर गोवर्धन पर्वत की पूजा करते है, तभी से गोवर्धन पूजा की प्रथा आज भी चल रही है। आज भी लोग गोबर से गोवर्धन बनाते है और 56भोग बनाकर पूजा करते है और उन्हें भोजन करवाते है।

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@krishnapatel8792Jun 16, 2023

चलिए आज हम आपको गोवर्धन पूजा के महत्व के बारे में बताते हैं की क्यों की जाती है गोवर्धन पूजा इसका क्या महत्व है हमारे हिंदू धर्म में दीपावली के त्यौहार के अगली सुबह गोवर्धन पूजा की जाती है जिसे अन्नकूट के नाम से भी जाना जाता है गोवर्धन पूजा में गायों की पूजा की जाती है जैसा कि आप सभी जानते हैं कि गौ माता को देवी लक्ष्मी का स्वरूप कहा जाता है जिस प्रकार माता लक्ष्मी हमें सुख समृद्धि प्रदान करती है उसी प्रकार गौमाता भी अपने दूध से स्वास्थ रूपी धन प्रदान करती है। जो व्यक्ति सच्चे मन से गोवर्धन यानी कि गौ माता की पूजा पाठ करते हैं उन्हें जीवन में सदा सुख रहने का वरदान प्राप्त होता है।

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