लेखांकन की निम्नलिखित विशेषताएं होती हैं। लेखांकन के अंतर्गत केवल उन्हें बाहरी और आंतरिक घटनाओं को शामिल किया जाता है।जिनका संबंध समुद्र से होता है। जैसे नगद मॉल क्रय किया। जिसके परिणाम स्वरुप व्यवसाय की रोकड़ पर प्रभाव पड़ता है।इसलिए इसे लेखांकन में शामिल किया जाएगा।
व्यवसाय में होने वाले प्रतिदिन व्यवहारों की सुनिश्चित ढंग से रोजानामचा में लिखा जाता है।
रोजनामचा और अन्य सहायक बही में लेखा करने के पश्चात् एक प्रकृति के व्यवहारों को एक जगह लिखा जाता है। जिसे खातों का वर्गीकरण कहते हैं।
वर्गीकरण के पश्चात समस्त खातों के शेषों को जान जांचने के लिए तलपट बनाया जाता है,तथा अंतिम खाता तैयार किए जाते हैं।
लेखांकन में अंतिम खातों का विश्लेषण किया जाता है। तथा इस विश्लेषण के आधार पर ही व्यवसाय हित में निर्णय लिए जाते हैं। तथा व्यवसाय में आने वाले समस्या का निपटारा किया जाता है।

