A
Anushka · 2 years ago
Sharing trusted health, wellness, and beauty insights to support informed choices and everyday well-being.

बर्नआउट सिंड्रोम क्या है ?

12
1.7K

Join this conversation

Sort By
Replying to the question above
Answered on02/06/24

क्या आप जानते हैं बर्नआउट सिंड्रोम क्या है, शायद आप नहीं जानते होंगे तो कोई बात नहीं चलिए आज हम आपको इस लेख के माध्यम से बताते हैं कि बर्न आउट सिंड्रोम क्या है।क्या काम करते-करते आपको भी चिड़चिड़ापन महसूस होता है।क्या आप भी जरा सा काम करके हैरान परेशान हो जाते हैं। क्या आपके दिमाग में भी हमेशा चिंता बनी रहती है। तो आप सावधान हो जाए क्योंकि यह सब बर्नआउट सिंड्रोम की निशानी है। कई बार व्यक्ति को पता भी नहीं चलता है कि वह बर्नआउट सिंड्रोम पर शिकार हो चुका है।

चलिए अब मैं आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि बर्नआउट सिंड्रोम क्या है-

बर्नआउट सिंड्रोम एक तरह का तनाव होता है जो काम की प्रेशर की वजह से होता है।लंबे वक्त तक अगर आप घर या दफ्तर में किसी तरह का प्रेशर झेलते हैं या फिर कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है। तब आप बर्नआउट सिंड्रोम के शिकार हो जाते हैं।

एक जैसा रूटीन उबाऊ लगना,काम को लेकर कोई एक्साइटमेंट न होना, छुट्टी में होकर भी सिर्फ काम का ही सोचना आपको बर्न आउट सिंड्रोम का शिकार बनाता है।WHO के मुताबिक वर्नआउट सिंड्रोम क्रॉनिक वर्कप्लेस स्ट्रेस की वजह से होता है। यानी कि जब आपको काम को लेकर बहुत ज्यादा तनाव होता है तभी इस लक्षण की शुरुआत हो जाती है।

चलिए अब मैं आपकी जानकारी के लिए बता दूं कि बर्नआउट सिंड्रोम के लक्षण क्या-क्या होते हैं।

काम पर जाने के लिए जबरदस्ती उठाना।

एनर्जी महसूस न होना।

गुस्सा और चिड़चिड़ापन बना रहना।

कुछ भी करने का मन नहीं करना।

अपनी नौकरी को पसंद न करना।

मुश्किल से नींद आना।

आत्मविश्वास और आत्म सम्मान की कमी महसूस होना।

पैनिक अटैक आना।

ऑफिस पहुंचते ही टेंशन बढ़ जाना।

नींद लेने के बाद भी थकान महसूस होना।

Article image

Poonam Patel
View Profile
6
Replying to the question above
Answered on02/06/24

चलिए दोस्तों इस पोस्ट के जरिए हम आपको बताएंगे कि बर्नआउट सिंड्रोम आखिर है क्या -

क्या काम करते-करते आपको भी चिड़चिड़ापन महसूस होता है।क्या आप भी जरा सा काम करके हैरान परेशान हो जाते हैं। हमेशा दिमाग में चिंता बनी रहती है तो सावधान हो जाए क्योंकि यह बर्न आउट सिंड्रोम के निशानी है।कई बार तो व्यक्ति को पता भी नहीं चलता है कि वह इस सिंड्रोम का शिकार हो चुका है।आईए जानते हैं क्या है बर्न आउट सिंड्रोम और यह किन वजहों से होता है-

बर्न आउट सिंड्रोम एक तरह का तनाव होता है जो काम के प्रेशर की वजह से होता है। लंबे वक्त तक अगर आप घर या दफ्तर में किसी तरह का प्रेशर झे लते हैं या फिर आपको कई तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ता है तब आप बर्न आउट सिंड्रोम की शिकार हो जाते हैं।

एक जैसा रूटीन उबाऊ लगना काम को लेकर कोई एक्साइटमेंट ना होना छुट्टी में होकर भी सिर्फ काम का ही सोचना आपको बर्न आउट सिंड्रोम का शिकार बनाता है। Who के मुताबिक बर्न आउट सिंड्रोम क्रॉनिक वर्कप्लेस स्ट्रेस की वजह से होता है यानी कि जब आपको काम को लेकर बहुत ज्यादा तनाव होता है तभी इस लक्षण की शुरुआत हो जाती है।

बर्न आउट सिंड्रोम के लक्षण-

  • कम पर जाने के लिए जबरदस्ती उठाना।
  • एनर्जी महसूस ना होना।
  • गुस्सा और चिड़चिड़ापन बना रहना।
  • कुछ भी करने का मन नहीं करना।
  • मुश्किल से नींद आना।
  • पैनिक अटैक आना।
  • नींद लेने के बाद भी थकान रहना।

बर्नआउट से कैसे बचाव करें-

  • अपने डिस पर मोटिवेशनल कोट्स लगाए।
  • ऑफिस जाने से पहले मेडिटेशन करें।
  • ऑफिस का काम ऑफिस में ही खत्म करें।
  • छुट्टियां वाले दिन सिर्फ अपने घूमने फिरने पर ही फोकस करें।
  • काम के बीच में ब्रेक लेकर खुद को रिफ्रेश फील कराये।
  • खाली वक्त में ऐसा काम करें जिससे आपको खुशी महसूस हो।

Letsdiskuss

Kiran Kushwaha
Modern India Explorer
View Profile
4