Good और Bad कोलेस्ट्रॉल में क्या अंतर होता है ? - letsdiskuss
Official Letsdiskuss Logo
Official Letsdiskuss Logo

भाषा


A

Anonymous

System Analyst (Wipro) | पोस्ट किया |


Good और Bad कोलेस्ट्रॉल में क्या अंतर होता है ?


0
0




Fitness trainer,Fitness Academy | पोस्ट किया


इस बात से तो हम सभी वाकिफ है की हमें कोलेस्ट्रॉल देखने में भले ही एक आम बीमारी जैसी लगती है लेकिन वक़्त रहते अगर इसका इलाज न हुआतो यह घातक बीमारियों में से एक बन सकती है | कोलेस्‍ट्रॉल एक प्रकार का लुब्रीकेंट है, जो ब्‍लड सेल्‍स में पाया जाता है। हार्मोंस के निर्माण, शरीर में कोशिकाओं को स्वस्थ और ठीक रखने का काम करता है। गलत लाइफस्टाइल के चलते आजकल लोगों में हाई कोलेस्ट्राल की समस्या काफी देखने को मिल रही है। अगर उसे समय पर कंट्रोल ना किया जाए तो यह दिल की बीमारियों का कारण भी बन सकती है।


Letsdiskusscourtesy-Bulletproof


सबसे पहले तो आप यह जान लें कि कोलेस्ट्रॉल, शरीर के अंदर जमा वसा (चर्बी) जैसा पद्धार्थ होता है, जो कोशिकाओं को उर्जा प्रदान करता है। हमारे शरीर में दो तरह के कोलेस्ट्रॉल होते हैं, गुड कोलेस्ट्रॉल (HDL) और बैड कोलेस्ट्रॉल (LDL)। शरीर में दोनों कोलेस्ट्राल की मात्रा ही बैलेंस होनी जरूरी है नहीं तो दिल की बीमारियों का खतरा तीन गुना बढ़ जाता है।


- गुड कोलेस्ट्रॉल (HDL)
गुड कोलेस्ट्राल (हाई डेन्‍सिटी लाइपो प्रोटीन्‍स) में प्रोटीन की मात्रा अधिक होती है और खून में 25-20% हिस्सा HDL का होता है। खून में इसकी सही मात्रा होना बहुत जरूरी है क्योंकि यह हार्ट अटैक से बचाने का काम करता है। यह धमनियों से बैड कोलेस्ट्रोल को हटाने में मदद करता है जिससे वे ब्लॉक न हो पाएं।


- बैड कोलेस्ट्रॉल (LDL)
बैड कोलेस्ट्रोल यानि लो डेन्‍सिटी लाइपो प्रोटीन्‍स में प्रोटीन के साथ फैट की मात्रा भी अधिक होती है इसलिए इसका हाई लेवल हानिकारक हो सकता है। खून में इसकी मात्रा बढ़ने से दिल व दिमाग की धमनियां ब्लॉक हो जाती है। इससे हार्ट अटैक, धमनियों में रुकावट या स्ट्रोक का खतरा बढ़ जाता है।



0
0

Picture of the author