भगवान श्री राम की लम्बाई कितनी थी?
भगवान श्री राम, जिनका जन्म अयोध्या में हुआ था, वे हिंदू धर्म के सबसे महत्वपूर्ण देवताओं में से एक हैं। रामायण के अनुसार, भगवान राम एक आदर्श राजा और योद्धा थे। उनकी वीरता, बुद्धि और न्यायप्रियता के किस्से आज भी लोगों को प्रेरित करते हैं।
लेकिन भगवान राम की लम्बाई कितनी थी? यह एक ऐसा प्रश्न है जो अक्सर लोगों के मन में उठता है।
वाल्मीकि रामायण में भगवान राम की लम्बाई का कोई स्पष्ट उल्लेख नहीं है।
हालांकि, कुछ अन्य ग्रंथों और शास्त्रों में उनकी लम्बाई के बारे में कुछ जानकारी मिलती है।
विभिन्न ग्रंथों में भगवान राम की लम्बाई:
- पद्म पुराण: इस पुराण के अनुसार, भगवान राम की लम्बाई 8 हाथ (लगभग 24 फीट) थी।
- विष्णु पुराण: इस पुराण में भगवान राम की लम्बाई 10 हाथ (लगभग 30 फीट) बताई गई है।
- स्कंद पुराण: इस पुराण में भगवान राम की लम्बाई 12 हाथ (लगभग 36 फीट) बताई गई है।
आधुनिक अनुमान:
कुछ आधुनिक विद्वानों का अनुमान है कि भगवान राम की लम्बाई 6 से 7 फीट के बीच हो सकती थी।
निष्कर्ष:
भगवान राम की लम्बाई के बारे में विभिन्न ग्रंथों और शास्त्रों में अलग-अलग जानकारी मिलती है।
यह निश्चित रूप से कहना मुश्किल है कि उनकी लम्बाई कितनी थी।
हालांकि, यह स्पष्ट है कि भगवान राम एक शक्तिशाली और वीर योद्धा थे, और उनकी लम्बाई उनकी वीरता और शक्ति का प्रतीक है।
भगवान राम की लम्बाई के बारे में कुछ रोचक तथ्य:
- रामायण में, भगवान राम को "दीर्घबाहु" (लंबी भुजाओं वाला) के रूप में वर्णित किया गया है।
- कुछ लोगों का मानना है कि भगवान राम की लम्बाई उनके दिव्य स्वरूप का प्रतीक थी।
- आज भी, कई मंदिरों में भगवान राम की मूर्तियाँ हैं जो उन्हें लंबे और शक्तिशाली योद्धा के रूप में दर्शाती हैं।
अंत में, यह कहना उचित होगा कि भगवान राम की लम्बाई से कोई फर्क नहीं पड़ता, क्योंकि उनकी वीरता, बुद्धि और न्यायप्रियता ही उन्हें महान बनाती है।यह भी ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि भगवान राम एक ऐतिहासिक व्यक्ति नहीं थे, बल्कि एक पौराणिक चरित्र थे। इसलिए, उनकी लम्बाई के बारे में कोई निश्चित जानकारी नहीं हो सकती है।हालांकि, भगवान राम की लम्बाई के बारे में विभिन्न ग्रंथों और शास्त्रों में मिली जानकारी हमें उनके बारे में अधिक जानने और उनकी वीरता और शक्ति का अनुभव करने में मदद करती है।


