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Sumil Yadav· 7 years ago
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हृदय रोग के क्या लक्षण हैं ?

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Updated on11/04/23

दिल से संबंधित बीमारियां एक गंभीर समस्या है l जिन्हें समय पर और निरंतर देखभाल की आवश्यकता होती है l हृदय एक ऐसा अंग है जो लगातार ब्लड को पंप करके ऑक्सीजन की आपूर्ति करता है l यह अगर अपने नियमित कार्य को सही से नहीं कर पता तो इससे कई तरह के रोग उत्पन्न होते हैं

हृदय रोगों के प्रकार

(1) कोरोनरी आर्टरी डिजीज

(2) कार्डियोमायोपैथी

(3) हार्ट इन्फेक्शन

(4) जन्मजात हृदय रोग

अब हृदय रोगों के लक्षणों के बारे में जानते हैं l हृदय रोग के निम्न लक्षण होते हैं l

1. छाती में दर्द

2. सीने में जकड़न

3. सांसों की कमी

4. जबड़े गले पेट पर और बाजू में दर्द

5. अनियमित दिल की धड़कन

6. पैरों या भुज में सुन्नपन

7. चक्कर आना या बेहोशी

8. थकान

9. जी मिचलाना आदि हृदय रोग के लक्षण है l

Letsdiskuss

K
Wellness remedy Advisor
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Answered on07/30/21

चूंकि दिल का दौरा घातक हो सकता है, इसलिए चेतावनियों को जल्द से जल्द पहचानना और आपातकालीन सेवाओं से संपर्क करना महत्वपूर्ण है।

लक्षणों में शामिल हैं:

  • सीने में दबाव, जकड़न, दर्द, निचोड़ने या दर्द की भावना
  • दर्द जो बाहों, गर्दन, जबड़े या पीठ तक फैलता है
  • छाती में कुचलने या भारीपन की भावना
  • नाराज़गी या अपच जैसी भावना
  • मतली और कभी-कभी उल्टी
  • चिपचिपा और पसीना महसूस करना
  • सांस लेने में कठिनाई
  • चक्कर आना या चक्कर आना
  • कुछ मामलों में, चिंता जो पैनिक अटैक के समान महसूस कर सकती है
  • खांसी या घरघराहट, अगर फेफड़ों में तरल पदार्थ जमा हो जाता है


लक्षण उनके क्रम और अवधि में भिन्न हो सकते हैं - वे कई दिनों तक रह सकते हैं या अचानक आ और जा सकते हैं।

निम्नलिखित भी विकसित हो सकते हैं:

  • हाइपोक्सिमिया: इसमें रक्त में ऑक्सीजन का निम्न स्तर शामिल होता है।
  • पल्मोनरी एडिमा: इसमें फेफड़ों में और उसके आसपास द्रव जमा होता है।
  • कार्डियोजेनिक शॉक: इसमें रक्तचाप अचानक गिरना शामिल है क्योंकि हृदय शरीर के बाकी हिस्सों को पर्याप्त रूप से काम करने के लिए पर्याप्त रक्त की आपूर्ति नहीं कर सकता है।

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R
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Answered on11/04/23

हृदय मनुष्य के शरीर का सबसे महत्वपूर्ण अंग में से एक है। हम आपको बता दें कि मनुष्य का हृदय 1 मिनट में 60 से 90 बार धड़कता है। यदि किसी मनुष्य के हृदय की धड़कन बंद हो जाती है तो समझ जाइए कि उसकी मृत्यु हो चुकी है। इसलिए आज हम आपके यहां पर बताने जा रहे हैं कि हृदय को किस प्रकार आप स्वस्थ रख सकते हैं ताकि आगे चलकर आपका हृदय में कोई दिक्कत ना आए।

हम आपको बताएंगे कि यदि आपके हृदय में रोग हो जाता है तो आपको किस तरह के लक्षण दिखाई देंगे:-

  • यदि आपको लगातार बेहोशी और चक्कर आते हैं तो समझ जाइए कि आपका हृदय रोग से ग्रस्त है।
  • जी मिचलाना भी हृदय रोग का लक्षण है।
  • सांसों में कमी और सीने में जकड़न जैसे लक्षण दिखाई देते हैं तो यह हृदय रोग के लक्षण है।

Letsdiskuss

A
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Answered on09/16/22
  • एक स्वास्थ्य हदय हम सब के लिए जरूरी होता है इसीलिए हमें हमेशा अपने खान-पान का ध्यान रखना चाहिए. जिससे हम हृदय रोग से छुटकारा पा सके जिसके लक्षण कुछ इस प्रकार होते है -
  • थोड़ा काम करने पर थकान व अस्वस्थता कि समस्या उत्पन्न होना।
  • अचानक से दिल की धड़कने तेज होना।
  • छाती में दर्द उत्पन्न होना।
  • थोड़ा सा काम करने पर सांसों का फूलना या सांस लेने में तकलीफ होना।
  • बार- बार चक्कर आ कर बेहोश हो जाना।Article image
preeti  patel
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Answered on12/09/21

रोजाना दही खाने से बहुत से फायदे होते है -

•हमें रोजाना दही खाना चाहिए क्योंकि दही मे कैल्शियम और फॉस्फोरस की भरपूर मात्रा पायी जाती है, ऐसे मे आप दही रोजाना सेवन करने से आपकी हड्डियां और दाँत मजबूत होते है।

 

•रोज दही खाने से हमारी इम्यूनिटी बढ़ती है, क्योंकि अक्सर लोगो की इम्यूनिटी कमज़ोर हो जाती है जिस वजह से उनको सर्दी जुकाम जल्दी होती है ऐसे मे उनको दही सेवन अवश्य करना चाहिए।

 

•जिन लोगो को दिल की बीमारी होती है उनको दही रोज खाना चाहिए क्योंकि दही खाने से कोलेस्ट्रॉल का लेवल कम होता है।

 

• दही मे कैल्शियम, पौटेशियम, मैगीनिशियम, विटामिन b-12,विटामिन b-2 पाया जाता है जो मोटापा कम करने मे काफ़ी मददगार होता है, जो व्यक्ति मोटापा कम करना चाहते है उनको दही सेवन करना चाहिए।

 

Letsdiskuss

S
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Mp

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Answered on06/15/21
आजकल के आधुनिक युग में एक और जहां हम टेक्नोलॉजी के माध्यम से दिन प्रतिदिन तरक्की कर रहे हैं। वहीं दूसरी ओर हमारे खान-पान रहन-सहन व बढ़ते प्रदूषण के कारण हम नई-नई अनेकों बीमारियों के शिकार भी हो रहे हैं। दुनिया के लगभग हर घर में से कोई ना कोई सदस्य ऐसा है जिसे कोई बीमारी अवश्य है। और ऐसी अनेकों बीमारियों में से एक बीमारी है दिल की बीमारी।

शारीरिक कार्य के दौरान सांस फूलना तो आम बात है, परन्तु आराम करते समय सांस की परेशानी हो तो डॉक्टर की सलाह लेनी चाहिए। कुछ लोगो को तो सीधे लेटने पर भी ठीक से सांस लेने में परेशानी होती है। यह स्थिति तब होती है जब दिल तक पहुंचने वाले रक्त की मात्रा इतनी हो जाती है की दिल, रक्त को सही से पंप नहीं कर पाता। जिस कारण द्रव फेफड़ों में पहुंच जाता है और सास लेने मे तकलीफ होती है।
यदि कभी ऐसा महसूस हो की आपके पेट के आस-पास वजन बढ़ गया है। तो ये इस बात का संकेत हो सकता है कि आपके शरीर में द्रव जमा हो रहा है। ऐसा इस कारण होता है क्योंकि आपका दिल, खूब को सही से पंप नहीं कर पाता है और खून नसों के हार्ट पूल में वापस जाने मे असमर्थ हो जाता है, जिस वजह से सूजन आ जाती है।
थकावट- आप यदि प्रतिदिन किये जाने वाले कार्य करने में थक रहे हैं और वह भी आम कार्य जैसे झाड़ू लगाना या फिर घर का कोई छोटा- मोटा सामान उठाना, तो यह समझ लें, कि आपके दिल के द्वारा आपके शरीर के सभी हिस्सों में रक्त सही प्रकार से संचालित नहीं हो पा रहा है। आपका दिल आपके शरीर की सभी मांस पेशियों को खून पहुंचाने में असमर्थ हो रहा है। तो ऐसी स्थिति में आप योगासन करें और डॉक्टर की सलाह ले। आज हम जिस दौर में जी रहे हैं उस दौर में हमें अधिकांश खाना उच्च गुणवत्ता का नहीं मिल पा रहा है।जिस कारण हमें इन समस्याओं का सामना करना पड़ता है।
याददाश्त कमजोर होना या सोचने में थोड़ा उलझना- यदि बीते कुछ दिनों से आपको सोचने में कुछ तकलीफ हो रही है या फिर आप पुरानी चीजों को ठीक से याद नहीं रख पा रहे हैं। तो यह लक्षण हो सकता है दिल की बीमारी का। हमारा दिल जो कि हमारे शरीर के लिए एक चार्जर का काम करता है और हमारा दिमाग जो एक प्रकार का स्टोरेज है। और यदि दिल हमारे शरीर में रक्त का सही तरह से संचरण नहीं कर पाता तो बीती बातें भूल जाना कोई नई बात नहीं है। इसका एक कारण हो सकता है शरीर में सोडियम की मात्रा कम या ज्यादा होना।
कभी-कभी यदि आपको अच्छा महसूस ना हो या फिर आपको पेट भरा- भरा सा महसूस हो, तो ऐसे में यह स्थिति सामने आती है कि दिल के द्वारा पंपकिया गया रक्त आपकी पाचन क्रिया तक नहीं पहुंच पा रहा है। यदि शरीर में हृदय संबंधी बीमारी होती है तो उसका सीधा- सा असर हमारी पाचन क्रिया पर भी पड़ता है। जिसके लक्षण भूख ना लगना, अजीब महसूस करना तथा पेट भरा -भरा सा महसूस करना होता है।
ब्लड प्रेशर का बढ़ना - यह स्थिति शरीर में तब आती है जब हृदय को रक्त पंप करने में परेशानी आती है। और सही समय पर शरीर के सभी अंगों को रुधिर पहुंचाने के चक्कर में हमारा हृदय तेजी से रुधिर को पंप करने लगता है। और ऐसी स्थिति में हमारा हृदय 1 मिनट में 72 बार से ज्यादा धड़कने लगता है। जोहमारेेेेेेेेेेेेेेेे हृदय की औसत गति से ज्यादा है।

V
Social Buzz Reporter
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I am a student.

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Answered on01/16/22

हृदय हमारे शरीर का एक अहम हिस्सा है और यदि यही ठीक से काम नहीं करेगा तो मनुष्य हमेशा स्वस्थ रहेगा अक्सर भारत में देखा गया है कि कम उम्र के बच्चे भी दिल की बीमारी की चपेट में आने लगे हैं हम आपको कुछ ऐसे लक्षण बताएंगे जो दिल के बीमारी होने से पहले कुछ इशारे करते हैं।

यदि आपको सोते वक्त या आराम करते वक्त आप को सांस लेने में तकलीफ आ रही है तो आपको अपने डॉक्टर से बात करने की आवश्यकता होगी क्योंकि यह इशारा आपको समझा रहा है कि आप भी दिल की बीमारी की चपेट में तो नहीं आ रहे हैं। इसलिए इसका जल्द से जल्द इलाज करवाने की कोशिश करें।

अगर आपको काफी दिनों से खांसी आ रही है सांस लेने में दिक्कत आ रही है तो आपको इस बात का इशारा आ रहा है कि आपके दिल को मदद की जरूरत है इसलिए आप ऐसा होने पर जल्द से जल्द डॉक्टर को दिखाने की कोशिश करें। ताकि आगे चलकर यह हार्ट अटैक की समस्या ना बन जाए।Article image

Krishna Patel
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Answered on11/25/21

स्वस्थ शरीर के लिए स्वास्थ्य दिल का होना बहुत जरूरी है इसीलिए दिल के प्रति लापरवाही बिल्कुल भी नहीं करना चाहिए। हृदय रोग के लक्षण नेम न यदि आपको आर्टरी ब्लॉक है या फिर हार्ट अटैक आए तो आपको छाती में दबाव महसूस होगा और दर्द के साथ ही खींचाव होगा। और कई बार दिल के रोगी को छाती और बाएं कंधे में दर्द की भी शिकायत होने लगते हैं यह दर्द धीरे-धीरे हाथों की तरफ भी नीचे की ओर आने लगता है।और और इसमें सांस लेने में दिक्कत होने लगती है और कम सांस आना हार्ट फेल होना का लक्षण है। तथा मन में घबराहट आना, हृदय रोग में पैरों में खेलों में तलवों में और सूजन आने का मतलब यह भी हो सकता है कि आपको हार्ट ब्लड शुगर सर्कुलर ठीक से नहीं हो रहा है और इसमें कमर दर्द से हाथों में दर्द होना गर्दन दर्द का भी लक्षण भी दिखाई देते हैं कई बार इसमें चक्कर एवं सिर घूमने भी हो सोना बहुत थकान होने जैसे भी लक्षण भी एक चेतावनी है.।Article image

Aanchal Singh
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Updated on10/16/18
मानव शरीर में सबसे महत्वपूर्ण होता है उसका ह्रदय जिसको हार्ट कहते हैं | मनुष्य का ह्रदय एक दिन में लगभग एक लाख बार और एक मिनट में 60-90 बार धड़कता है। ह्रदय ही हमारे पूरे शरीर का संचालन करता है, क्योकि अगर मनुष्य का ह्रदय धड़कना बंद हो जाए तो मनुष्य जीवित नहीं रह सकता | ह्रदय रोग होने के कई लक्षण है, जिसके बारें में हम आज आपको बता रहें हैं |
ह्रदय रोग होने के लक्षण :-
- कभी अचानक से सीने में बहुत तेज दर्द उठना हार्ट अटैक होने की सम्भावना को जाता है | अगर अचानक सीने में दर्द हो तो इस बात को नज़रअंदाज़ न करें और तुरंत अस्पताल जायें |
- केवल सीने में ही नहीं बल्कि आपको दोनों हाथों में , कमर में, गर्दन में, जबड़े में ,और पेट में दर्द हो और बेचैनी महसूस हो तो यह भी हार्ट अटैक की सम्भावना होती है |
- अचानक सांस लेने में तकलीफ होना, पसीना आना और शरीर ठंडा पड़ जाना ये सब लक्षण ह्रदय रोग के हो सकते हैं |
- अगर आप व्यायाम करते हैं, या किसी भी प्रकार का शारारिक श्रम करने में आपके सीने में दर्द महसूस होना यह भी ह्रदय रोग का एक लक्षण माना जाता है |
लोग ह्रदय से जुड़े रोगों में केवल हार्ट अटैक या हार्ट ब्लॉकेज ही जानते हैं | कुछ ह्रदय से जुड़े रोग और भी हैं, जिनके बारें में अधिकतर लोग नहीं जानते |

- Arrhythmia :-
एरिथमिया ह्रदय की ऐसी बीमारी है, जिसमें ह्रदय की धड़कन नियमित नहीं होती | इस रोग में दिल की धड़कन सामान्य रूप से बहुत तेज हो जाती है, या धीमी हो जाती है | एरिथमिया रोग तब होता है, जब ह्रदय को नियंत्रित करने वाले वेव्स सही तरह से काम नहीं करते | जब आपका ह्रदय सामन्य रूप से नहीं धकड़ता तो आप सीने , गले और गर्दन में दर्द महसूस करते हैं |
- Atherosclerosis :-
एथेरोस्क्लेरोसिस ऐसा ह्रदय रोग है, जिसके कारण आपके दिल में रक्त का संचार धीमा हो जाता है | आपके ह्रदय में सही और पर्याप्त मात्रा में रक्त का न पहुंचना आपको ह्रदय का रोग तो देता ही है, साथ ही आपको कई अन्य बीमरियों का शिकार भी बना देता है | एथेरोस्क्लेरोसिस रोग सामन्य रूप से शरीर में कोलेस्ट्रॉल की मात्रा बढ़ने, इंसुलिन हार्मोन के घटने, हाई ब्लड प्रेशर,कम शारीरिक मेहनत, बढ़ती उम्र, आपके ज्यादा धूम्रपान करने से हो सकता है |
- Coronary artery :-
कोरोनरी धमनी रोग ह्रदय के लिए गंभीर अवस्था है। यह रोग आपके ह्रदय में ऑक्सीजन और रक्त पहुंचाने वाली धमनियों में प्लाक जम जाने के कारण होता है | जब आपके ह्रदय में रक्त के साथ-साथ पोषक तत्व और ऑक्सीजन सही मात्रा में नहीं पहुँचता, धमिनिया सिकुड़ जाती है | जिसके कारण कोरोनरी रोग होता है |
K
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हिंदी लेखक

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Answered on12/18/21

अंवाले का मुरब्बा खाने से बहुत से फायदे होते है -


• पेट मे जलन, एसिडिटी होने पर अंवाले का मुरब्बा खाने से पेट जलन और एसिडिटी की समस्या दूर हो जाती है, क्योंकि की अंवाले मे फाइबर भरपूर मात्रा मे पाया जाता है।


• कुछ व्यक्तियों को बबासीर की समस्या होने पर अंवाले का मुरब्बा खाने से बबासीर समस्या ठीक होने लगती है।


• अंवाले मे विटामिन सी और विटामिन ई पाया जाता है जो हमारे त्वचा के लिए बहुत ही फायदेमंद होता है ऐसे मे अंवाले का मुरब्बा खाने से त्वचा मे झुरियां गयाब हो जाती है और चहेरा मे निखार आता है, चेहरे मे ठंडक रहती है जिससे चेहरे मे किसी तरह की फोडिया, फुंसी नहीं होती हैArticle image

preeti  patel
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Answered on01/23/19

- कभी भी किसी के सीने में अचानक से दर्द हो तो यह ह्रदय घात का कारण हो सकता है | जब भी ऐसा हो तो तुरंत डॉक्टर के जाएं |


- अचानक से कभी एक या फिर दोनो हाथों, कमर, गर्दन, जबड़े या फिर पेट में दर्द और बेचैनी महसूस हो तो यह भी ह्रदय से सम्बंधित बीमारी का कारण हो सकता है |

- सांस लेने में तकलीफ और पसीना आना, अधिक चक्कर आना ये हार्ट अटैक को दर्शाता है |

- अगर आप प्रतिदिन व्यायाम या किसी प्रकार का शारीरिक श्रम करते हैं तो आपके सीने में दर्द होना लाज़मी है | अगर व्यायाम के समय दर्द हो तो इसे एनजाइना कहा जाता है, जो कि जीर्ण कोरोनरी धमनी की बीमारी (सी ए डी) का एक लक्षण होता है |

- अगर चलने में या किसी काम को करने में लगातार सांस टूटे तो यह ह्रदय घात हो सकता है |

ऐसा कुछ भी हो तो इसको नज़रअंदाज़ न करें |

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Answered on03/29/19

ह्रदय रोग एक गंभीर समस्या है, जिसका समय रहता इलाज कराना ही बेहतर होता है। इसका अंदाज़ा इसी बात से लगाया जा सकता है, कि हर साल 29 सिंतबर को विश्व ह्रदय दिवस के रूप में मनाया जाता है।

विश्व स्वास्थ संगठन के आंकडों के अनुसार हर साल 1 मिलियन लोगों की मौत ह्रदय रोग के कारण हो जाती है। यह आंकडें ह्रदय रोग की भयावह तस्वीर बयां करने के लिए काफी हैं और इसके साथ में यह इस बात भी संकेत हैं कि ह्रदय रोग (Heart Disease) की जानकारी हर व्यक्ति को होनी चाहिए, ताकि वह इससे अपनी रक्षा कर सके।
दुर्भाग्यवश कुछ लोग ऐसे भी हैं, जो ह्रदय रोग की संपूर्ण जानकारी से वंचित हैं। यदि आप भी ऐसे ही लोगों में शामिल हैं तो आपको इस लेख को जरूर पढ़ना चाहिए।

S
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