मैं अमित श्रीवास्तव, चित्रगुप्त वंशज—लेखक, साधक एवं शोधकर्ता हूँ। सनातन धर्म, अध्यात्म, तंत्र, मंत्र, यंत्र, योग, साधना और भारतीय धर्म-दर्शन मेरी लेखनी के प्रमुख विषय हैं। दक्षिण, वाम और कौल मार्ग की शक्ति-उपासना तथा साधना-परंपराओं के साधना अध्ययन में मेरी विशेष रुचि रही है। amitsrivastav.in और amozan.in सहित विभिन्न मंचों के माध्यम से अपने अध्ययन और अनुभवों को पाठकों एवं साधक-साधिकाओं तक पहुँचाने का प्रयास करता हूँ। देवी माँ कामाख्या के प्रति श्रद्धा और अप्सरा मृगाक्षी की प्रेरणा को अपनी लेखनी की शक्ति मानते हुए मेरा उद्देश्य सनातन ज्ञान के गूढ़ आयामों को सरल, गंभीर और विवेकपूर्ण भाषा में प्रस्तुत करना है। मेरी प्रत्येक रचना ज्ञान, साधना, आत्मचिंतन और जनकल्याण की भावना को समर्पित है।