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Jessy Chandra· 7 साल पहले
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हरिद्वार के पर्यटन स्थल कौन - कौन से है?

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जवाब दिया गया10/13/23

हरिद्वार के पर्यटन स्थल:-

भारत माता मंदिर:- इस मंदिर को मदर इंडिया टेंपल के नाम से भी जाना जाता है।इस धार्मिक मंदिर की स्थापना स्वामी सत्यमित्रानंद गिरी ने की थी।1983 में इस मंदिर का उद्घाटन तत्कालीन प्रधानमंत्री श्रीमती इंदिरा गांधी ने किया था। सप्त सरोवर मैं स्थित इस मंदिर में हर साल बड़ी संख्या में भक्त आते हैं।भारत माता मंदिर 180 फीट ऊंचा और आठ मंजिला है। इस मंदिर का प्रत्येक तल से देवताओं की पौराणिक कथाओं जुड़ा है। भारत माता मंदिर उन सभी देशभक्त स्वतंत्रता सेनानियों को भी समर्पित है, जिन्होंने देश कीस्वतंत्रता में योगदान दिया।

पतंजलि योगपीठ :- हरिद्वार राजमार्ग पर कनखल में स्थित, पतंजलि योगपीठ संभवत दुनिया भर में सबसे बड़ा योग आश्रम है। संस्थान ऋषि रामदेव की प्रमुख परियोजना है। और इस केंद्र में योग और आयुर्वेद पर शोध किया जाता है। पतंजलि योगपीठ विशाल एकड़ भूमि में फैला हुआ है।और इसे दो परिसरों में विभाजित किया गया है।यहीं से निर्मित पतंजलि के उत्पाद देश के कोने कोने में भेजे जाते हैं। हरिद्वार आने के बाद पतंजलि योग पीठ जरूर देखना चाहिए।यहां से आप सेहत और योग से जड़ी विभिन्न जानकारियां अभी हासिल कर सकते हैं।

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Kamlesh Patel
Culture & Tradition Lover
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जवाब दिया गया10/11/23

आज हम आपको इस आर्टिकल में बताते हैं हरिद्वार के पर्यटन स्थल कौन-कौन से हैं।

सप्त ऋषि आश्रम :- हरिद्वार में अगर आप मेडिटेशन करने का अनुभव प्राप्त करना चाहते हैं तो सप्त ऋषि आश्रम आपके लिए एक बेहतरीन जगह साबित हो सकता है। यह स्थान,दुनिया भर के ऋषि,संतों के लिए आकर्षण का केंद्र है।

यह आश्रम हरिद्वार से तकरीबन 5 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है। इस स्थान का नाम सप्तऋषि आश्रम इसलिए रखा गया है क्योंकि पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, इस स्थान पर सात महान ऋषि कश्यप, वशिष्ठ, विश्वामित्र, जमदग्नि, भारद्वाज, अत्रि और गौतम तप किया करते थे।लेख की तस्वीर

पावन धाम :- हरिद्वार रेलवे स्टेशन से लगभग 6 किलोमीटर की दूरी पर सप्त सरोवर रोड पर बनाया है मंदिर पर्यटकों के लिए आकर्षण का केंद्र है। यह मंदिर पूरी तरीके से कांच से बना हुआ है। मंदिर की नकाशी काम भी कांच पर इतने अच्छे से किए गए हैं की एक ही प्रतिमा कई बार दिखाई पड़ती है यहां पर हिंदू देवी देवताओं की सुंदर झांकियां भी सजाई गई है।यहां पर लोग अक्सर शांति और ध्यान लगाने के लिए आते हैं।लेख की तस्वीर

Poonam Patel
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जवाब दिया गया08/10/23

दोस्तों आप सभी को पता है कि हरिद्वार बहुत ही पवित्र स्थान है,आज इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि हरिद्वार के पर्यटन स्थल कौन-कौन से हैं -

गंगा आरती
मनसा देवी मंदिर।
भारत माता मंदिर।
चंडी देवी मंदिर।
शांतिकुंज।
चिल्ला वन्य जीव अभ्यारण।
विष्णु घाट।
गौ घाट।
सप्त ऋषि आश्रम।
दक्ष महादेव मंदिर।
पतंजलि योगपीठ।
टूरिस्ट डेस्टिनेशन क्रिस्टल वर्ल्ड।
स्वामी विवेकानंद पार्क।
नील धारा।
शिवानंद धाम।
पारद शिवलिंग।
यह सारे हरिद्वार के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल है। यदि आप हरिद्वार जाने के लिए सोच रहे हैं तो आपके यहां जरूर घूमना चाहिए।

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और पढ़े- वृन्दावन के पर्यटन स्थलों के बारें बताएं?

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जवाब दिया गया04/15/23

क्या आप भी हरिद्वार घूमने का प्लान बना रहे हैं तो इससे पहले आपको हरिद्वार के पर्यटन स्थलों के बारे में जानकारी प्राप्त कर लेना चाहिए ताकि आपको हरिद्वार घूमने में कोई दिक्कत ना आए और आप मजे से हरिद्वार घूम सकें।

यहां पर हम आपको हरिद्वार के पर्यटन स्थलों के नाम बताने जा रहे हैं जहां पर आपको एक बार घूमने अवश्य जाना चाहिए।

त्रिवेणी घाट, चंडी देवी मंदिर, मनसा देवी मंदिर, हर की पौड़ी, ऋषिकेश आदि स्थानों पर आपको घूमने अवश्य जाना चाहिए हरिद्वार के सभी प्रमुख स्थलों में से एक है।

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Krishna Patel
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जवाब दिया गया09/22/20

एक गाँव लगभग। जयपुर से 90 किमी की दूरी पर रात में बनाया जाने वाला सौतेलापन वास्तव में भारत में एक कम-रेटेड और कम से कम खोजा गया पर्यटन स्थल है।

राजस्थान के जयपुर के पास एक छोटा सा गाँव आभानेरी, अपने 1,200 साल पुराने शानदार कदम के लिए प्रसिद्ध है, जिसे चांद बाउरी के नाम से जाना जाता है। 8 वीं शताब्दी के बाद से कदम का सबसे पुराना हिस्सा अच्छी तरह से तारीख है।
यह बाउरी या स्टेप-वेल, जिसे दुनिया में सबसे गहरा कदम माना जाता है, आंशिक रूप से बर्बाद मंदिर के विपरीत स्थित है जिसे हर्षत माता मंदिर के रूप में जाना जाता है। जिसका नाम एक स्थानीय 8 वीं शताब्दी सीई राजपूत शासक राजा चंदा के नाम पर रखा गया।
चौकोर आकार का बाउरी प्रत्येक तरफ 35 मीटर मापता है, और गहराई में लगभग 19 मीटर है।
कुएं के तीन तरफ दस लैंडिंग पर 3,500 सीढ़ियों की दोहरी उड़ानें हैं, जो बाउरी रिम के समानांतर चलती हैं। इन सीढ़ियों को पूरी तरह से एक तरह से आनुपातिक रूप से तैयार किया गया है, ताकि वे बहुत तेज वंश के साथ सीढ़ी-त्रिकोण बनाते हैं।
कुएं के तल पर, हवा सतह की तुलना में 5-6 डिग्री अधिक ठंडी रहती है और चांद बाउरी का उपयोग स्थानीय लोगों के लिए एक समुदाय के एकत्रित स्थान के रूप में किया जाता था।
अन्य चरण-कुओं के विपरीत, चांद बाउरी को पुनर्निर्मित किया गया था और बाद की अवधि में जोड़ा गया था।
चौथी दीवार के निचले हिस्से को इसके उत्कीर्ण नक्काशीदार स्तंभों, मंडपों और मंदिरों के साथ 8 वीं शताब्दी सीई में राजपूत शासकों द्वारा बनाया गया था, जब बाउरी एक समुदाय के रूप में कार्य करता था।
मंडपों की संरचना को इस तरह से डिजाइन किया गया था कि इसके उदय में अंदर के कमरों से देखने वालों के लिए पूल के झिलमिलाते पानी में प्रतिबिंबों से प्रकाश और छाया का एक शानदार नाटक हुआ होगा।
अगली बार जब कोई आपसे पूछे कि भारत के पास ताजमहल के अलावा क्या है, तो इस चमत्कार को अपनी सूची में शामिल करें।

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जवाब दिया गया10/15/23

हरिद्वार के पर्यटन स्थल -

  1. गंगा आरती:-गंगा की पवित्र लहरों के घाट पर जिस हर मंदिर के नाम से हर साईं की आरती की जाती है, वह गंगा मैया को समर्पित है। पुजारियों द्वारा हाथ में लिए गए इस पवित्र स्थान की आरती को देखने से ऐसा लगता है जैसे प्रकृति ने स्थल को अपनी रोशनी से जगमगा दिया हो।
  2. चंडी देवी मंदिर :-2900 मीटर की ऊंचाई में नील पर्वत पर स्थित इस चंडी देवी का मंदिर है | यहां पर भी आप पैदल या ट्राली से जा सकते हैं | इस मंदिर को आदि शंकराचार्य ने बनवाया और इस मंदिर की मान्यता यह है कि यहां पर माता चंडी ने चंड-मुंड और शुम्भ-निशुम्भ का वध किया था |
  3. त्रिवेणी घाट :-हरिद्वार का सबसे सुन्दर स्थान त्रिवेणी घाट भी है और इस स्थान में गंगा, यमुना और सरस्वती इन तीनो नदियों का संगम होता है |
  4. शांतिकुंज।
  5. चिल्ला वन्य जीव अभ्यारण।
  6. विष्णु घाट।
  7. गौ घाट।
  8. सप्त ऋषि आश्रम।
  9. दक्ष महादेव मंदिर।
  10. पतंजलि योगपीठ।
  11. टूरिस्ट डेस्टिनेशन क्रिस्टल वर्ल्ड।
  12. स्वामी विवेकानंद पार्क।
  13. नील धारा।
  14. शिवानंद धाम।
  15. पारद शिवलिंग।
  16. मनसा देवी मंदिर
  17. भारत माता मंदिर

यह सारी हरिद्वार के प्रसिद्ध पर्यटन स्थल है यदि आप हरिद्वार जाने के लिए सोच रहे हैं तो आप यहां जाकर घूमने हैं।Letsdiskuss

Kanchan  Patel
Multi-Niche Content Researcher
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जवाब दिया गया05/05/19

दक्षेश्वर महादेव मंदिर -

हरिद्वार से 6 किमी. दूर, कनखल में दक्षेश्वर महादेव मंदिर स्थित है |

वैष्णो देवी मंदिर -

जम्मू में स्थित वैष्णो देवी मंदिर की तरह मंदिर हरिद्वार में भी बनाया गया है।

विष्णु घाट -

मान्यता के अनुसार भगवान विष्णु इस घाट पर नहाए थे और जो भी इस घाट पर स्नान करता है उसके सारे पाप धूल जाते हैं |

सप्तऋषि आश्रम -

इसे सप्तऋषि कुंड भी कहा जाता है, यहाँ पर सात ऋषियों ने एक साथ बैठकर तप किया था |

और पढ़े- केरल पर्यटन के लिए क्यों प्रसिद्ध है?

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जवाब दिया गया04/29/19
हरिद्वार अर्थात हरी का द्वार , भगवान विष्णु के इस द्वार को मोक्ष का द्वार भी कहते हैं | हरिद्वार उत्तराखंड का एक ऐसा जिला है जो भारत का प्रमुख तीर्थ स्थान है | हरिद्वार में मुख्य रूप से 5 तीर्थ स्थान है | हरिद्वार में पवित्र गंगा नदी बहती है , आप जितने भी परेशानी में हो मगर गंगा नदी के दर्शन करने के बाद आपकी हर परेशानी दूर हो जाती है | चलिए आपको आज हरिद्वार के कुछ पर्यटन स्थल के बारें में बताते हैं |

हर की पौड़ी :-
हर की पौड़ी का अर्थ है भगवान विष्णु के पैर। यहाँ की मान्यता है कि यहां भगवान विष्णु ने अपने चरण रखे थे | यहां शाम की आरती का नज़ारा बड़ा ही मनमोहक होता है | यह हरिद्वार का एक बेहतरीन पर्यटन स्थल है |

(Courtesy : ztravelnews )

मनसा देवी मंदिर :-
हरिद्वार का एक प्रसिद्ध सिद्धपीठ मंदिर मनसा देवी भी है | यह बिलवा पहाड़ पर स्थित है और यहां जाने के लिए पैदल यात्रा भी है और ट्रॉली सुविधा भी उपलब्ध है । मान्यता है कि मनसा देवी सभी की मनसा पूरी करने वाली है और यहां से हरिद्वार का नज़ारा देखने लायक होता है |

(Courtesy :holidayrider )

चंडी देवी मंदिर :-
2900 मीटर की ऊंचाई में नील पर्वत पर स्थित इस चंडी देवी का मंदिर है | यहां पर भी आप पैदल या ट्राली से जा सकते हैं | इस मंदिर को आदि शंकराचार्य ने बनवाया और इस मंदिर की मान्यता यह है कि यहां पर माता चंडी ने चंड-मुंड और शुम्भ-निशुम्भ का वध किया था |

( Courtesy : HolidayIQ )

त्रिवेणी घाट :-
हरिद्वार का सबसे सुन्दर स्थान त्रिवेणी घाट भी है और इस स्थान में गंगा, यमुना और सरस्वती इन तीनो नदियों का संगम होता है |
(Courtesy : News Post )

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