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Mar 16, 2026others

क्या आदिमानव भगवान से पहले पहलें इस धरती पर आये थे?

4 Answers
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@arjunkumar7099Sep 4, 2021

इस धरती पर पहले भगवान आए या फिर आदिमानव, ये प्रश्न आपके भी मन में कभी ना कभी उठा ही होगा? यदि बात वेदों पुराणों की करें तो पृथ्वी का निर्माण और मानव का निर्माण स्वयं भगवान द्वारा किया गया है। वही इसके विपरीत आज की मॉडर्न साइंस की माने तो इस धरती में पहले आदिमानव आए। परंतु एक बात जिस पर गौर किया जा सकता है वह ये है कि जब आदिमानवो में जब से सभ्यता विकसित होने लगी उन्होंने भगवान को पूजना शुरू कर दिया। और यह आज भी देखा जाता है कि इस धरती पर हर जगह भगवान किसी ना किसी रूप मे पूजे ही जाते हैं। क्योंकि आदिमानवो ने भी माना था की उनकी उत्पत्ति अपने आप ही नहीं अपितु भगवान द्वारा की गई है।

Letsdiskuss

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@komalsolanki9433Sep 14, 2021

इस धरती पर हम सबको भगवान ने भेजा है परंतु आदिमानव इस धरती पर पहले आये या भगवान यह कहना संभव नहीं है। आदिमानव ने हमे प्रक्रति मे जीना सिखाया है। आदिमानव को हमारा पूर्वज माना जाता हैं क्यूकि हम उन्ही से आये हैं। प्रथ्वी का निर्माण भगवान द्वारा किया गया है इसमे कोई संदेह नहीं है क्यूकि भगवान ने ही यहा हवा, जल, आकाश, वृक्ष दिये है जो आज हमारे लिये बहोत आवश्यक है । आदिमानव भी भगवान की पूजा किया करते थे। Article image

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@rameshkumar7346Mar 12, 2026

यह प्रश्न विज्ञान और आध्यात्मिकता के बीच के एक बहुत ही गहरे और दिलचस्प द्वंद्व को दर्शाता है। इसका उत्तर इस बात पर निर्भर करता है कि आप 'भगवान' और 'आदिमानव' को किस दृष्टिकोण से देखते हैं।

वैज्ञानिक और आध्यात्मिक दृष्टिकोण:

  • वैज्ञानिक दृष्टिकोण: विज्ञान के अनुसार, पृथ्वी पर जीवन का विकास करोड़ों वर्षों की एक क्रमिक प्रक्रिया (Evolution) का परिणाम है। आदिमानव (Homo sapiens) लगभग 3 लाख साल पहले अस्तित्व में आए। विज्ञान में 'भगवान' की उपस्थिति का कोई भौतिक प्रमाण नहीं है, इसलिए विज्ञान की दृष्टि में आदिमानव का अस्तित्व ही प्राथमिक सत्य है।
  • आध्यात्मिक दृष्टिकोण: हिंदू धर्म और अन्य पौराणिक मान्यताओं के अनुसार, ईश्वर अनादि और अनंत हैं, यानी उनका न कोई आरंभ है और न अंत। सृष्टि की रचना से पहले भी परमात्मा का अस्तित्व था। पौराणिक कथाओं के अनुसार, ईश्वर ने ही सृष्टि, प्रकृति और मनुष्यों (जैसे मनु और शतरूपा) की रचना की। इस दृष्टि से, भगवान आदिमानव से पहले ही मौजूद थे।
  • समन्वय: कई दार्शनिक मानते हैं कि भगवान 'ऊर्जा' (Energy) का स्वरूप हैं, जो ब्रह्मांड के जन्म (Big Bang) के समय से ही व्याप्त है। आदिमानव उसी चेतना का एक विकसित भौतिक रूप हैं।

निष्कर्ष: यदि आप साक्ष्यों पर विश्वास करते हैं, तो आदिमानव पहले आए। लेकिन यदि आप आस्था रखते हैं, तो भगवान ही समस्त रचना के मूल आधार हैं जो समय और काल से परे हैं।

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@priyaagrawal8776Mar 14, 2026

यह प्रश्न आस्था और विज्ञान दोनों से जुड़ा हुआ है, इसलिए इसके बारे में अलग-अलग दृष्टिकोण मिलते हैं। विज्ञान के अनुसार आदिमानव लाखों वर्ष पहले इस धरती पर विकसित हुए। मानव विकास की प्रक्रिया को Human evolution के माध्यम से समझाया जाता है, जिसके अनुसार मनुष्य धीरे-धीरे समय के साथ विकसित हुआ। दूसरी ओर धार्मिक मान्यताओं के अनुसार सृष्टि और मनुष्य दोनों की रचना ईश्वर द्वारा की गई मानी जाती है। कई धर्मों में यह विश्वास है कि भगवान ने ही पहले सृष्टि बनाई और फिर मनुष्य को उत्पन्न किया। इसलिए यह कहना कि आदिमानव भगवान से पहले आए थे, आस्था के अनुसार सही नहीं माना जाता। कुल मिलाकर यह विषय विश्वास और वैज्ञानिक दृष्टिकोण पर निर्भर करता है।

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