Answered By रंजीत केडिया
Authorभारतीय खेल इतिहास के स्वर्ण पल कौनसे है ?
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मेरे लिए भारतीय खेल इतिहास का स्वर्णिम पल वह था जब Indian Women cricket Team महिला वर्ल्ड कप के फाइनल में पहुंची थी | हालांकि वह जीत नहीं सकी परन्तु आखिरकार उन्हें वह सम्मान प्राप्त हुआ जिसकी वह हकदार थी | क्रिकट के दीवाने जिन्हे पुरुष भारतीय टीम के एक एक खिलाड़ी की निजी ज़िन्दगी का भी भलींभाँति ज्ञान होगा उन्हें एक महिला क्रिकेटर का नाम तक नहीं पता था | परन्तु महिला क्रिकेट टीम के प्रदर्शन ने उनकी तरफ सभी का ध्यान आकर्षित किया और मिथाली राज जैसी कप्तान की कप्तानी में उनकी पूरी टीम ने सर्वोच्च प्रदर्शन किया | यही मेरेलिए सबसे स्वर्णिम पल था |
picture courtesy - Deccan Chronicle
Answered By Seema Thakur
Media Trends Researcherभारतीय खेल इतिहास में ऐसे बहुत से सुनहरे अवसर रहे जिन्होंने भारतीय पन्नो को सवर्ण अक्षरों से भर दिया | भारत में यदि खेल की बात करें तो एक लोकोत्ति है जो अधिकतर माँ बाप अपने बच्चे को कहते है और वह है " पढोगे लिखोगे तो बनोगे नवाब ,खेलोगे कूदोगे तो बनोगे खराब " | इस लोकोत्ति को गलत ठहरकर कुछ ऐसे खिलाड़ी रहे जिन्होंने पूरी दुनिया को दिखा दिया की खेल का महत्त्व किसी पढ़ाई से कम नहीं | कुछ ऐसे ही खिलाड़ियों और सुनहरे पलो की हम बात करने जा रहे है जो भारत के साथ साथ विश्व के लिए मिसाल बन गए |
1986 PT उषा का करिश्मा
PT उषा भारतीय athlete हैं जिन्होंने 1986 में Asian games में 4 स्वर्ण पदक अपने नाम किये | PT उषा के इस करिश्मे ने सबको हैरान करके रख दिया | हर भारतीय को उनपर बहुत ज़्यादा गर्व हुआ और लड़किया खेल में कितना अच्छा प्रदर्शन करती है ये भी सबने देखा |
(Courtesy : ABC NEWS )
1996 - Leander का ओलम्पिक पदक
Leander Paes ने 44 वर्षो के लम्बे इंतज़ार के बाद भारत के लिए पहला ओलम्पिक पदक जीता | उन्होंने ओलम्पिक खेलो में टेनिस में कांसा पदक जीता |
(Courtesy : Jansatta )
1975 - Hockey World Cup
भारत का पहला Hockey World Cup भारत के लिए किसी चमत्कार से कम नहीं था | भारतीय हॉकी टीम ने 15 मार्च 1975 में पाकिस्तान को 2 -1 से हराकर यह World Cup जीता |
(Courtesy : mid-day.com )
1983 -2011 Cricket World Cup
1983 का पहला World Cup और 2011 का 38 वषों बाद का world cup दोनों ही हर भारतीय के लिए जश्न मनाने का सबसे बड़ा अवसर था | लोग रोये , खुश हुए , लोगो ने पटाखे फोड़े और जाने क्या क्या नहीं किया अपनी ख़ुशी बयाँ करने के लिए |
(Courtesy : cricketnmore.com )
2008 - अभिनव बिंद्रा का ओलम्पिक में स्वर्ण पदक
Answered By Priya Gupta
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