Advertisement

Advertisement banner

Advertisement

Advertisement banner
Othersदिल को छूने वाली छोटी कहानी जो आप 100 से...
R

Ram kumar

| Updated on February 8, 2022 | others

दिल को छूने वाली छोटी कहानी जो आप 100 से कम शब्दों में लिख सकते हैं?

2 Answers
V

Veer Pal

@veerpal5816 | Posted on April 30, 2020

एक राजा था, उसके पास तीन सबसे बुद्धिमान मंत्री थे । एक दिन उसने सोचा की तीनो में से सबसे बुद्धिमान मंत्री को ढूँढा जाए ।
इसलिए उसने अपने 3 मंत्रियों को बुलाया और उन्हें बगीचे में जाने और ताजे और अच्छे फलों से भरा बैग लाने का आदेश दिया।
तीनों मंत्री बैग लेकर अलग-अलग बगीचों में गए ।
पहले मंत्री ने राजा के पसंदीदा ताजे फल से बैग भरा ।
दूसरे मंत्री ने सोचा कि राजा ने कौनसा सारे फलों की जाँच करेगा । इसलिए उसने ऊपर ताज़े फलों को भरा ओर नीचे ख़राब फल डाल दिए ।
तीसरे मंत्री ने सोचा कि राजा कौनसा फलों की थैली खोल कर देखेगा , इसलिए उसने झोले को घास और पत्तियों से भर दिया।
तीनों मंत्री अपने घरों को लौट गए ।
अगले दिन राजा ने तीनों मंत्रियों को फल से भरे थैलों के साथ शाही दरबार में बुलाया ।
बैग खोले बिना, तीनों को बैग के साथ दूर की जेल में बंद करने का आदेश दिया गया ।
अब उन थैलियों के सिवाय जेल में खाने के लिए कुछ नहीं था।
अब जो मंत्रीजी ने अच्छे ताजे फल एकत्र किए थे, वे खुशी से खाते रहे और 3 हफ़्ते आराम से बीत गए ।
अब दूसरे मंत्री जिनके पास कुछ ताजे फल थे और बाकी सड़े हुए कच्चे फल एक साथ कुछ दिन थे लेकिन बाद में बीमार पड़ गए और उन्हें बहुत नुकसान उठाना पड़ा।
अब तीसरा मंत्री जो मेरे जैसा ही चालाक था उसके पास खाने के लिए कुछ नहीं था और भूख से पीड़ित होकर जल्दी मर गया।
अब अपने आप से पूछें कि आप क्या जमा कर रहे हैं ..?
आप अब इस जीवन के बगीचे में हैं जहां से आप हैं
आप चाहें तो अच्छे कर्म जमा कर सकते हैं।
बुरे कर्म जमा हो सकते हैं
लेकिन याद रखें कि आप जो इकट्ठा करते हैं वह अंतिम समय पर काम आएगा ।
क्योंकि दुनिया का राजा आपको चारों तरफ से देख रहा है ।

भगवान आपका भला करे...वीरपाल



0 Comments
S

@setukushwaha4049 | Posted on February 7, 2022

स्कूल का पहला दिन आज भी मुझे याद है, क्योंकि ज़ब मै(रोहित )9वीं क्लास था मेरी आँखे उसे पहली बार देखी थी तब वह रेड ड्रेस( जूही )मे थी। उसे देखते ही मेरे दिल मे कुछ- कुछ होने लगा,एक पल को लगा मै अपनी जिंदगी के हर एक पल को जी लिया हूँ ऐसा महसूस होने लगा। तभी वह क्लास रूम मे बैठी हुयी थी और मै उसे घूरे जा रहा था, वह भी मुझे देख -देखकर स्माइल करने लगी फिर धीरे -धीरे हम दोनों की फ्रेंडशिप हो गई, हम दोनों की नज़दीकियां काफ़ी बढ़ने लगी, मुझे ऐसा लगने लगा कि मै रोहित से प्यार करने लगी हूँ, लेकिन मै उसे अपने दिल की बात बताने से डरती थी। लेकिन वह एक दिन स्कूल गार्डन मे मुझे प्रोपोज़ किया मैंने उसको हाँ बोल दिया उसके बाद हम दोनों मुलाकाते रोज होने लगी, हम दोनों एक -दूसरे के साथ काफ़ी समय बिताते और जीवन भर रहने की कसमे वादे करते थे, लेकिन एक दिन ऐसा समय आया कि रोज की तरह स्कूल गार्डन मे बैठें हुये हम दोनों बात कर रहे थे तभी जूही के भाई ने हम दोनों को देख लिया और जूही का घर से निकलना बंद कर दिया। कुछ दिन बाद उसके पापा, भाई उसकी शादी कही और तय कर दिए मुझे जूही ने बताया और वह आखिरी बार मुझ से मिलने पार्क मे आयी और वह रोने लगी मै भी रोने लगा और हम दोनों हमेशा के लिए अलग हो गए, दिल को छू जाने वाली हमारी अधूरी कहानी।

Article image

0 Comments