भारत में कौन से गांव के हर घर के लोग आर्मी में है?
क्या आप जानते हैं भारत में कौन से गांव के हर घर के लोग आर्मी में हैं नहीं जानते होंगे तो चलिए आज इस पोस्ट के माध्यम से हम आपको बताते हैं कि भारत में कौन से गांव के हर घर के लोग आर्मी में है, यह बात बहुत ही कम लोगों को पता होगी कि हमारे भारत में एक ऐसा भी गांव है की जिसमें हर घर के लोग आर्मी में है।भारत में अलग-अलग गांव की अपनी पहचान है। हालांकि, अन्य सभी गांव से एक गांव ऐसा भी है, जिसे भारत में फौजियों का गांव भी कहा जाता है। इस गांव की बात करें, तो यह उत्तर प्रदेश राज्य के गाजीपुर जिले में गहमर गांव नाम से जाना जाता है। इस गांव में पहुंचने पर आपको बच्चे बच्चे में देशभक्ति का जज्बा मिलेगा।
आपको यह बात जानकर हैरानी होगी कि हमारे भारत देश में एक ऐसा गांव है जहां पर हर घर में आपको एक जवान सैनिक अवश्य मिलेगा यानी कि आप किसी भी घर में घूमने के लिए चले जाएंगे तो आपको वहां पर हर घर में एक सैनिक अवश्य नजर आएंगे तो चलिए हम आपको बताते हैं कि आखिर वह महान गांव कौन सा है जहां पर इतने सारे महान सैनिक रहते हैं। दोस्तों वह और कोई गांव नहीं हमारे भारत में हरियाणा राज्य के झज्जर जिले की बिसान गांव है जहां पर हर घर में एक सैनिक रहता है। आप जब भी कभी इस गांव में घूमने के लिए जाएंगे तो आपको रोज सुबह 5:00 सैनिक आपको घूमते हुए नजर आएंगे। आप वहां पर पहुंच कर गर्व महसूस करेंगे की हमारे देश की रक्षा करने के लिए लोग इतनी कड़ी मेहनत करते हैं।

आज हम आपको भारत देश के एक ऐसे गांव के बारे में बताने जा रहे हैं जहां पर हर एक घर में एक जवान सैनिक आपको देखने को मिलेंगे।जी हां दोस्तों यह बात हमारे लिए बहुत ही गर्व की बात है कि किसी गांव में ऐसे भी लोग रह सकते हैं जहां पर आपको जवान सैनिक के अलावा कुछ और देखने को नहीं मिलेगा। दोस्तों वह और कोई गांव नहीं हमारे भारत में हरियाणा राज्य के झज्जर जिले की बिसान गांव है जहां पर हर घर में एक सैनिक रहता है।इस गांव में पहुंचने पर आपको बच्चे बच्चे में देशभक्ति का जज्बा मिलेगा। इस गांव में रहने वाले सभी बच्चे बचपन से ही सैनिक में भर्ती होने के लिए ट्रेनिंग लेने लगते हैं ताकि जब वह बड़े हो जाए तो अपने देश की रक्षा कर सके। इस प्रकार हमारे भारत देश में एक से बढ़कर एक महान सैनिक देखने को मिलते हैं।

आज हम आपको बताते हैं कि भारत में कौन सा गांव कहां के हर घर के लोग आर्मो हैं।यह बात बहुत ही कम लोगों को पता होगी कि हमारे भारत में एक ऐसा भी गांव है की जिसमें हर घर के लोग आर्मी में है।भारत में अलग-अलग गांव की अपनी पहचान है। हालांकि, अन्य सभी गांव से एक गांव ऐसा भी है, जिसे भारत में फौजियों का गांव भी कहा जाता है।वह और कोई गांव नहीं हमारे भारत में हरियाणा राज्य के झज्जर जिले की बिसान गांव है जहां पर हर घर में एक सैनिक रहता है। आप जब भी कभी इस गांव में घूमने के लिए जाएंगे तो आपको रोज सुबह 5:00 सैनिक आपको घूमते हुए नजर आएंगे। आप वहां पर पहुंच कर गर्व महसूस करेंगे की हमारे देश की रक्षा करने के लिए लोग इतनी कड़ी मेहनत करते हैं।

Gahmar — "Village of Soldiers"
Ghazipur district, Uttar Pradesh
यह एशिया का सबसे बड़ा गांव भी है। यहां लगभग 15,000 पूर्व सैनिक रहते हैं और करीब 12,000 लोग अभी भी Indian Army या paramilitary forces में active duty पर हैं — soldier से colonel तक।
यह गांव 1530 में राजा धामदेव राव ने बसाया था। आबादी करीब 1.5 लाख है। गांव के 22 मोहल्लों (tolas) के नाम भी फौजियों के नाम पर हैं।
अन्य प्रमुख "Army Villages"
Kammavanpettai — Tamil Nadu (Vellore)
इस गांव के 90% से ज्यादा घरों में Army के जवान हैं। इसे "Ranuvapettai" यानी Army Village कहा जाता है। यहां 1,500 से ज्यादा war widows हैं।
Madhavaram — Andhra Pradesh (West Godavari)
हर घर में कम से कम एक सदस्य Indian Army में है। 100 से ज्यादा घरों में war decorations हैं। इसकी military history 17वीं सदी से है।
Apshinge — Maharashtra (Pune-Satara highway)
850 घरों वाले इस छोटे से गांव ने हर परिवार से एक सदस्य army को दिया है।
Pahanda — Chhattisgarh
हाल ही में India-Pakistan tensions के बीच यह गांव चर्चा में आया — यहां लगभग हर घर में एक या दो सदस्य Army या paramilitary में हैं।
भारत में उत्तर प्रदेश के गाजीपुर जिले में स्थित गहमर (Gahmar) गांव को "फौजियों का गांव" के नाम से जाना जाता है।
इस गांव से जुड़ी कुछ प्रमुख और दिलचस्प बातें इस प्रकार हैं:
- हर घर से फौजी: ऐसा कहा जाता है कि इस गांव के लगभग हर परिवार से कोई न कोई सदस्य भारतीय सेना में अपनी सेवाएं दे रहा है या पूर्व सैनिक (Veteran) रह चुका है। सेना में जाना यहां के युवाओं के लिए सिर्फ एक पेशा नहीं, बल्कि एक परंपरा है।
- एशिया का सबसे बड़ा गांव: गहमर केवल अपने सैनिकों के लिए ही नहीं, बल्कि अपनी विशाल आबादी के कारण भारत (और संभवतः एशिया) का सबसे बड़ा गांव होने का भी गौरव रखता है। इसकी आबादी किसी छोटे शहर के बराबर है।
- ऐतिहासिक योगदान: प्रथम विश्व युद्ध और द्वितीय विश्व युद्ध से लेकर 1965, 1971 के युद्धों और करगिल युद्ध तक, गहमर के जवानों ने हर मोर्चे पर देश की रक्षा के लिए अदम्य साहस का परिचय दिया है।
- प्रशिक्षण की परंपरा: गांव में गंगा किनारे और अन्य मैदानों पर सुबह-शाम युवा सेना में भर्ती होने के लिए पसीना बहाते नजर आते हैं। गांव के पूर्व सैनिक खुद आगे आकर इन युवाओं को ट्रेनिंग और मार्गदर्शन देते हैं।
- गहमर के अलावा, उत्तराखंड, हिमाचल प्रदेश और राजस्थान (जैसे झुंझुनू जिले) में भी ऐसे कई गांव हैं जहां से बड़ी संख्या में लोग सेना में जाते हैं, लेकिन "हर घर में फौजी" वाली कहावत सबसे सटीक रूप से गहमर गांव पर ही लागू होती है।