Asked 7 years ago

मनुष्य का हर बात को नजरअंदाज करना क्या दर्शाता है ?

Others#har baat ko najarandaaj karana#नज़रअंदाज़#मनुष्य#manushy
0
1.5K
R
Rakesh SinghAuthor

Advertisement

Hey, help the community by sharing your answer.

Earn up to 300 points for helpful answers.

Login to Answer

आजकल लोग या तो बहुत व्यस्त रहते हैं या तो बिलकुल ही खाली जिसके कारण दोनों ही तरह से वह विभिन्न कठिनाइयों का सामना करते हैं | सोचने वाली बात यह है की लोग एक दूसरे को आजकल इतना नज़रअंदाज़ क्यों करते हैं | इस बात का जवाब पहली लाइन में ही है | लोग या तो बहुत व्यस्त हैं या बहुत ही खाली जिसके कारण वह खुद ही विभिन्न मानसिक रोगो के शिकार होते चले जाते हैं | मानसिक रोगो का अर्थ यह नहीं है कि वह पागल होने लगते हैं इसका साफ़ सीधा अर्थ है कि वह किसी बात से बहुत परेशान हैं और इसलिए वह खुद का साथ ही सही समझते हैं |

मान लीजिए आप एक विद्यार्थी हैं और आप ही हमेशा अपने दोस्त को पहले मैसेज करते हैं और वो कभी पहले नहीं करता , तो एक वक़्त आएगा जब आप पहले मैसेज करना छोड़ देंगे और आप यह सोचना छोड़ देंगे कि आपके दोस्त के आपको मैसेज न करने के क्या कारण हैं और आप उनको नज़रअंदाज़ करना शुरू कर देंगे |
 
अब यही बाकि स्थितियों में भी होता है | आप अपने माता पिता के साथ खाना खाने बैठते है और आप जब भी बात करना चाहते हैं तो वह केवल आपको आपकी परीक्षा में आये कम नंबरों के कारण या तो डांटते है या हमेशा करियर कि बातें लेकर बैठ जाते हैं और एक वक़्त ऐसा आता है जब आप उनकी बातों को नज़रअंदाज़ करना सही समझने लगते हैं |
 
यदि कोई व्यक्ति आपको नजरअंदाज करना शुरू कर देता है तो इसका साफ़ सा कारण यह है कि कोई बात है जो उसे परेशान कर रही है | अगर आप जानना चाहते हैं कि वह आपको नज़रअंदाज़ क्यों कर रहा है तो उसके साथ बैठिये बात करिये और उसे समझने कि कोशिश करिये |

 

S

Answered By Seema Thakur

Media Trends Researcher
View Profile
Updated on06/01/26
Like
1

Advertisement

वर्तमान समय में लोग अपने काम में इतना व्यस्त होते हैं, कि सबको नज़रअंदाज़ ही करते हैं | उन्हें किसी से भी कोई मतलब नहीं होता | कहीं तो हाल ऐसा हैं, चाहे कुछ भी होता रहें, गलत हो या सही किसी को मतलब ही नहीं होता | सभी बातों को नज़रअंदाज़ करना उनकी आदत में आ जाता हैं, और कई बार वो अपनी इस आदत के चलते अपनों की बातों को भी नज़रअंदाज़ कर देता हैं |
 
मनुष्य का हर बात को नज़रअंदाज़ करना, सिर्फ इस बात को ही नहीं दर्शाता कि वो किसी से मतलब नहीं रखता, बल्कि इस बात को भी दर्शाता हैं, कि समाज में होने वाली अच्छाई व बुराई उसको उससे भी कोईमतलब नहीं हैं, मगर कई बार मनुष्य की ये आदत उसको बहुत परेशानी में डाल देती हैं |
 
क्यों करते हैं नज़रअंदाज़ :-
 
- व्यस्तता :- (Busy )
मनुष्य अपने काम में इतना व्यस्त रहने लगा हैं, कि उसने अपने आस-पास एक time limit set कर दिया हैं | कब कितने समय कहाँ जाना हैं, ये सब पहले से निर्धारित कर लेता हैं | इसलिए उसके पास किसी और चीज़ के लिए समय नहीं |
 
- जल्द बाज़ी :- (Hurry )
वर्तमान समय में मनुष्य इतनी जल्दी में होता हैं, उसको किसी के लिए भी समय नहीं होता | वो सिर्फ अपने से मतलब रखता हैं, औरउसको हर काम की जल्दी होती हैं,इससे कई बार वो अपना काम बिगाड़ लेता हैं |
 
- असफल होने से डर :- (Fear of failure )
मनुष्य अधिकतर उस काम कोIgnore करता हैं, जिसमें उसको असफल होने का डर होता हैं, क्योकिं उसको लगता हैं, कि अगर वो इस काम में असफल होगा तो दुनियां उस पर हसेगी |
 
- आत्मविश्वाश में कमी :- (Lack of self confidence )
अक्सर वही लोग किसी भी बात को नज़रअंदाज़ करते हैं, जिनमें आत्मविश्वाश की कमी होती है | मनुष्य का खुद उस पर भरोसा न करना ही किसी भी काम को नज़रअंदाज़ करने का एक प्रमुख कारण हो सकता हैं |
 
- हिम्मत की कमी :- (Lack of courage )
अक्सर हम या आप ग़लत होते हुए देखते हैं, पर हम में इतनी हिम्मत नहीं, कि हम उस ग़लत को रोक सकें, इसलिये हम उस ग़लत बात को भी नज़रअंदाज़ कर देते हैं |
 
मुझे लगता हैं, हमारा इस तरह किसी भी बात को नज़रअंदाज़ करना, कहीं न कहीं जुर्म को बढ़ावा देना हैं |
K

Answered By Kanchan Sharma

Author
View Profile

हिंदी लेखक

Updated on06/01/26
Like
1