लाफ़िंग गैस को ही हंसाने वाली गैस कहा जाता है!जो एक वैज्ञानिक नाम है नाइट्रस ऑक्साइड. ये एक रंगहीन गैस होती है जिसका कोई रंग नहीं होता है. इसको गंधहीन गैस भी कहते है.इसको एक अँग्रेज़ वैज्ञानिक जोज़फ़ प्रीस्टली नामक व्यक्ति ने 1793 में इसकी खोज की थी.
इसका यूज मनोरंजन के लिए किया जाता है. अमरीका देश में डॉक्टर होरेस वैल्स ने एक प्रदर्शन के चलते देखा कि अगर इस गैस को वह इंसान सुंग ले जिसको चोट लगी है लेकिन उसे दर्द की अनुभूति नहीं होंगी . डॉक्टर हॉरेस वैल्स ने इसका यूज़ दाँत निकालने में किया था जो किसी हद तक कामयाब रहा किन्तु चिकित्सा द्वारा इसे पूरी तरह से सफल नहीं माना.



