क्या आप जानते हैं अरारोट कैसे बनता है, और उसके फायदे क्या होते हैं नहीं जानते होंगे तो चलिए आज मैं आपको इस पोस्ट के माध्यम से बताते हैं कि अरारोट कैसे बनता है और इससे के क्या फायदे और नुकसान होते हैं।
अरारोट कैसे बनता है:-अरारोट के पौधे की जड़ में शकरकंद जैसी आकृति की जड़े बनती हैं। इन्हें खोदकर निकाला जाता है , फिर इसे धोकर उबाल लेते हैं। छिलका निकाल देते हैं और टुकड़े करके पीसा जाता है।इसे धोने से स्टार्च ( मांड ) निकलता है , रेशेदार भाग को हटा दिया जाता है। स्टार्च या मांड को शुद्ध करके सुखा लिया जाता है। सूखने के बाद उसे बारीक़ पीस कर उसका पाउडर बना लिया जाता है। यही पाउडर अरारोट है जिसे हम रसोई मे काम लेते हैं।
अरारोट खाने के फायदे :- अरारोट में भरपूर फाइबर होता है,फाइबर पाचन तंत्र के लिए जरूरी होता है। यह आंतों की सफाई करता है। और पोषक तत्वों के अवशोषण में मदद करता है। यह कब्ज दूर करता है। ब्लड में शक्कर का लेवल नियंत्रित करने में सहायक होता है तथा डायबिटीज को रोकने में सहायक होता है। फाइबर कोलेस्ट्रोल कम करने में मददगार होता है। अंत: पाचन तंत्र के लिए अरारोट फायदेमंद होता है।
अरारोट खाने के नुकसान:- मध्यम या का मात्रा में अरारोट सेवन करने के कोई नुकसान नहीं होते हैं।लेकिन अधिक मात्रा में इसका सेवन करने से कुछ दुष्प्रभाव भी होते हैं।अरारोट को दूध, नींबू, फलों के रस, चीनी और शराब आदि के साथ सेवन करने से बचना चाहिए।यदि आप किसी विशेष प्रकार की दावों का सेवन कर रहे हैं अरारोट का सेवन करने से पहले अपने डॉक्टर से सलाह लेना फायदेमंद होता है।


