क्या आपने कभी सोचा है कि हमारे शरीर में नाभि क्यों मौजूद है और?इसकी क्या आवश्यकता होती होगी ? शायद आप नहीं जानते होंगे तो कोई बात नहीं चलिए हम आपको इसकी जानकारी देते हैं:-
दोस्तों मैं आपको बता दूं कि नाही मेडिकल रूप से वह स्थाई निशान है जहां से आपकी गर्भनाल में आपकी कम्युनिकेशन सिस्टम को प्लेसेंटा से जोड़ा था। मैं आपको बता दूं कि जब बच्चा भ्रूण के रूप में गर्भ में रहता है तो भ्रुण सांस नहीं लेते ना ही कहते हैं और ना ही वेस्ट को शरीर से बाहर निकालते हैं। यही वजह है कि प्लेसेंटा मां को ऑक्सीजन और जरूरी पोषक तत्वों को उसके ब्लड सर्कुलेशन से भ्रूण तक पहुंचाने के लिए एक एक्सचेंज पॉइंट देता है। आपने देखा होगा कि बच्चों के जन्म के बाद डॉक्टर नल को काट देती है। और उसे जगह को बंद कर देती है जो की सुख जाता है और लगभग एक हफ्ते के अंदर गिर जाता है और कनेक्शन का बिंदु आप की नाभि रह जाती है।दोस्तों मैं आपको सरल भाषा में बताना चाहूंगी कि नाभि का कार्य मुख्य रूप से मन से विकास सर बच्चे तक विटामिन और पोषक तत्व पहुंचना है।

चलिए अब हम आपको नाभि के बारे में कुछ अन्य जानकारियां देते हैं:-
दोस्तों मैं आपको बता दूं कि मनुष्य के नाभि के आसपास 1400 प्रकार के बैक्टीरिया पाए जाते हैं।
सबसे जरूरी बात में आपको बताना चाहूंगी कि नाही केवल स्तनधारी में पाई जाती है। यानी कि जो जानवर अंडे देते हैं उनकी नाभि नहीं होती है।
दोस्तों मैं आपको बता दूं कि दुनिया की चार प्रतिशत लोगों की नाभि बाहर निकली हुई होती है, और 96% लोगों की नाभि अंदर की ओर घुसी हुई होती है।
यदि पुरुषों के नाभि की बात की जाए तो महिलाओं की अपेक्षा पुरुषों की नाभि के आसपास अधिक बल मौजूद होते हैं।
