प्रकृति में तोता (Parrot) वह पक्षी है जो हरी मिर्च को बड़े ही चाव और शौक से खाता है। अक्सर हम अपने घरों के पास या पेड़ों पर तोतों को मिर्च कुतरते हुए देखते हैं।
तोता मिर्च क्यों खाता है? इसके पीछे के रोचक वैज्ञानिक कारण:
- तीखापन महसूस न होना: मनुष्यों और अन्य स्तनधारियों के विपरीत, पक्षियों (विशेषकर तोतों) की जीभ में 'कैप्साइसिन' (Capsaicin) के प्रति संवेदनशीलता नहीं होती। कैप्साइसिन वही तत्व है जो मिर्च को तीखा बनाता है। इसलिए, तोते को मिर्च बिल्कुल भी तीखी नहीं लगती।
- पोषक तत्वों का स्रोत: हरी और लाल मिर्च विटामिन ए (Vitamin A) और विटामिन सी (Vitamin C) का एक उत्कृष्ट स्रोत हैं। ये विटामिन तोते के पंखों की चमक और उनकी रोग प्रतिरोधक क्षमता (Immunity) को बढ़ाने में मदद करते हैं।
- प्रकृति का चक्र: मिर्च के बीज तोतों के पाचन तंत्र में पचते नहीं हैं। जब तोता मिर्च खाकर उड़ता है और कहीं और मल त्याग करता है, तो मिर्च के बीज दूर-दराज के इलाकों में फैल जाते हैं। इस प्रकार तोता मिर्च के पौधों के प्रसार (Seed Dispersal) में मदद करता है।
अतः, यदि आप अपने घर की छत या बालकनी पर तोतों को बुलाना चाहते हैं, तो दाने के साथ हरी मिर्च रखना एक अच्छा विचार हो सकता है।