मादा बिच्छू ऐसा जीव है जो आपने जीवनकाल मे केवल एक ही बार माँ बनती है। मादा बिच्छू आपने एक साथ 2-3बच्चो क़ो जन्म देती है तो उसका पेट फट जाता है और बच्चे बाहर निकाल आते है और मादा बिच्छू की मौत हो जाने के कारण बच्चे भूखे होने के कारण अपनी माँ यानि मादा बिच्छू का मांस तब तक खाते है ज़ब तक मृतक बिच्छू का मांस खत्म नहीं हो जाता है।
बिच्छू जन्म लेते ही आखिर अपनी माँ क़ो क्यों खा जाता है?
दोस्तों आपने सुना ही होगा कि बिच्छू जन्म लेते ही अपनी मां को खो जाता है आज इस पोस्ट में हम आपको बताएंगे कि आखिर क्या कारण है कि बिच्छू जन्म लेते ही अपनी मां को खा जाता है जब मादा बिच्छू अपने बच्चों को जन्म देती है तो जन्म देते समय मादा बिच्छू का पेट फट जाता है। और मादा बिच्छू के जो बच्चे होते हैं वह अपने मां के मांस को खाकर बड़े होते है और फिर जब मन का मांस खत्म हो जाता है तो बच्चे दूसरी जगह चले जाते हैं।

चलिए आज हम आपको बताते हैं कि बिच्छू जब अपने बच्चों को जन्म देती है तो जन्म के पश्चात उसके बच्चे अपनी मां को खा लेते हैं ऐसा क्यों चलिए हम आपको इसकी जानकारी देते हैं दरअसल ऐसा इसलिए होता है जब बिच्छू अपने बच्चों को जन्म देती है तो उसके बच्चे भूखे रहते हैं और भूखे रहने की वजह से बिच्छू के बच्चे अपनी मां का मांस खा लेते हैं जिससे उनका पेट भर जाता है और वह खाने के बाद बड़े हो जाते हैं और अपनी मां का मांस तब तक खाते हैं जब तक पूरा खत्म नहीं हो जाता है और जब उनका पेट भर जाता है तो वह एक स्थान से दूसरे स्थान पर चले जाते हैं।
