Updated on Jun 5, 2026health-beauty

क्‍या होता है PCOS या PCOD, कारण, लक्षण, इलाज और बचाव के उपाय?

4
2 Answers

V
Updated on Jun 5, 2026

PCOS या PCOD क्या होता है, कारण, लक्षण, इलाज और बचाव के उपाय

PCOS और PCOD आज के समय में महिलाओं में होने वाली एक आम हार्मोनल समस्या है, जो मुख्य रूप से प्रजनन तंत्र (reproductive system) को प्रभावित करती है। इसमें महिलाओं के अंडाशय (ovaries) में छोटे-छोटे सिस्ट (cysts) बन जाते हैं और हार्मोन का संतुलन बिगड़ जाता है।

PCOS (Polycystic Ovary Syndrome) और PCOD (Polycystic Ovarian Disease) को अक्सर एक ही समस्या समझा जाता है, लेकिन दोनों में हल्का अंतर होता है। PCOD में अंडाशय में कई सिस्ट बनते हैं, जबकि PCOS एक अधिक गंभीर हार्मोनल सिंड्रोम है।

कारण (Causes)

PCOS/PCOD के कई कारण हो सकते हैं:

  • हार्मोन असंतुलन
  • अनियमित जीवनशैली
  • मोटापा (obesity)
  • तनाव (stress)
  • खराब खानपान (junk food)
  • अनुवांशिक कारण (genetic factors)

लक्षण (Symptoms)

इसके मुख्य लक्षण हैं:

  • अनियमित मासिक धर्म (irregular periods)
  • चेहरे या शरीर पर अधिक बाल आना
  • मुंहासे (acne)
  • वजन बढ़ना
  • बाल झड़ना
  • गर्भधारण में कठिनाई

इलाज (Treatment)

PCOS/PCOD का पूरी तरह स्थायी इलाज मुश्किल है, लेकिन इसे नियंत्रित किया जा सकता है:

  • डॉक्टर द्वारा दी गई दवाइयाँ
  • हार्मोन संतुलन के लिए उपचार
  • वजन नियंत्रण
  • नियमित व्यायाम
  • संतुलित आहार
  • योग और ध्यान

बचाव के उपाय (Prevention)

  • रोजाना व्यायाम करें
  • जंक फूड से बचें
  • वजन नियंत्रित रखें
  • तनाव कम करें
  • समय पर सोएं और जागें
  • हेल्दी डाइट लें (फल, सब्जियाँ, फाइबर)

यहां एक और दिलचस्प विषय है जिसका आप आनंद ले सकते हैं: PCOS की समस्या क्यों होती है?

React
P
Updated on May 28, 2026

आजकल की भागदौड़ भरी, बेहद व्यस्त और तनावपूर्ण जीवनशैली के चलते हम अक्सर अपनी सेहत का सही तरह से ध्यान नहीं रख पाते, जिसके कारण कई तरह की समस्याएं हो जाती हैं। उनमें से ही यह महिलों को होने वाली परेशानी PCOS या PCOD, है। तो चलिए आपको बतातें है यह कौन सी परेशानी है।

क्या होता है यह -
 
PCOS यानी - “पॉली सिस्टिक ओवरी सिंड्रोम” और PCOD, यानी पॉली सिस्टिक ओवरी डिसऑर्डर” यह आमतौर पर रिप्रोडक्टिव उम्र की महिलाओं में हॉर्मोनल असंतुलन (hormonal imbalance) के कारण पाई जाती है। इसमें महिला के शरीर में मेल हॉरमोन – “androgen” – का लेवल बढ़ जाता है व ओवरीज़ पर एक से ज़्यादा सिस्ट हो जाते हैं।आपको बता दें की ये दो अलग बीमारियां हैं, जिन्हें अक्सर एक ही मानने की गलती की जाती है। साथ ही शुरू से ही इस बात पर ध्यान देने की ज़रूरत है कि महिलाओं की बहुत सी समस्याएं ऐसी होती हैं, जिनके लक्षण अक्सर मिलते-जुलते से होते हैं।जिनके लक्षण अक्सर मिलते-जुलते से होते हैं।
 
लक्षण -
 
-वज़न बढ़ना
- अनियमित पीरियड्स
- शरीर व चेहरे पर एक्सट्रा हेयर ग्रोथ होना
- acne, मुहांसों व तैलीय त्वचा की समस्या अचानक से होना
- अचानक बालों का अधिक झड़ना
 
(ध्यान रखने यह बातें - सभी महिलाएं इस बात का ख़ास ख्याल रखें की अगरव वक़्त पर इन परेशानियों का इलाज नही किया गया तो इससे महिला के लिए कंसीव करना एक बड़ी समस्या बन जाता है ।)
 
कारण -
 
आपको बता दें की PCOS तथा PCOD के लक्षण स्पष्ट रूप एक नहीं हैं। अभी तक इसका कोई ठोस कारण पता नहीं चला है, लेकिन खराब जीवनशैली, खान-पान की भारी लापरवाही, व्यायाम या शारीरिक मेहनत का काम बिल्कुल भी न करना, अपने सही पोषण के प्रति लापरवाही बरतना, वज़न के बहुत तेज़ी से बढ़ने, मासिक चक्र के बार-बार असंतुलित होने जैसी स्थितियां इस रोग के होने की तरफ इशारा करती हैं। इसके अलावा यह रोग जैनेटिकली, यानी आनुवंशिक भी हो सकती है।
 
बचाव -
 
- वज़न कंट्रोल करें।
- नियमित रूप से व्यायाम करें।
- तेलिये खाने की चीज़ों से दूर रहे ।
- अपनी डाइट में हैल्दी और पोषक तत्वों से भरी चीज़ें खाएं ।
- समय समय पर अपने डॉक्टर की सलाह लें।
2