हिंदू पौराणिक कथाओं में कई भाई-बहन के उदाहरण मिलते हैं, लेकिन सबसे प्रसिद्ध और आदर्श जोड़ी यम और यमुना की मानी जाती है। इन दोनों के बीच गहरा प्रेम और सम्मान था।
कथा के अनुसार, यमुना अपने भाई यमराज को बहुत प्रेम करती थीं और चाहती थीं कि वे उनके घर आएं। जब यमराज उनसे मिलने पहुंचे, तो यमुना ने उनका आदर-सत्कार किया। इससे प्रसन्न होकर यमराज ने वरदान दिया कि जो भी भाई-बहन इस दिन एक-दूसरे से प्रेम और सम्मान के साथ मिलेंगे, उन्हें सुख और दीर्घायु प्राप्त होगी।
इसी घटना से भाई दूज (Bhai Dooj) त्योहार की शुरुआत मानी जाती है। यह जोड़ी भाई-बहन के प्रेम, स्नेह और आदर का प्रतीक मानी जाती है।




