क्या मोदी तानाशाह बन रहे है?
मोदी जी द्वारा लिए गए फैसले जनता के लिए लाभकारी साबित हुए हैं लेकिन पिछले कुछ समय में मोदी जी ने कुछ ऐसे फैसले लिए हैं जिसकी वजह से कुछ लोग उन्हें तानाशाह कहने लगे हैं जैसे मोदी जी ने बहुत सी सरकारी कंपनियों का निजीकरण कर दिया जैसे कॉल हवाई अड्डा रेलवे स्टेशन और तीन तलाक बिल पास करवाया किसान बिल किसी कानून पास करवाया जिस वजह से कुछ लोग उन्हें तानाशाह समझने लगे हैं कि मोदी सिर्फ अपने करीबियों की भलाई के लिए फैसले लेते हैं और आम जनता की भलाई की उन्हें कोई चिंता नहीं है।
बहुत से लोग मोदी जी को तानाशाह बोलते थे, लेकिन टीवी न्यूज़ चैनल मे अमित शाह ने कहाँ जी मोदी जी बिल्कुल तानाशाह नहीं है नारेन्द्र मोदी जी ज़ब से हमारे देश के प्रधानमंत्री बने तब से उन्होंने हर एक देश के लोगो की बात बड़े ध्यान से सुनते है। मोदी जी ऐसे प्रधानमंत्री है जो अपने देश के हर एक छोटे -बड़े नेता, अफसर को बिना संकोच के सलाम से करते थे। वह देश के प्रधानमंत्री होने का उनको बिल्कुल घमंड नहीं था वह सब की बात मानते थे उनको लोग फालतू मे ही तानाशाह बोलते थे मोदी जी के जीवन मे तानाशाह का नाम और निशान दूर -दूर तक नहीं था।
कांग्रेस के वरिठ नेता अनवर ने मोदी जी पर तानाशाही का झूठा आरोप लगाते हुये उन्होंने कहाँ है कि मोदी जी देश को अपने तानाशाही की तरह चलाना चाहते है जो फैसला वह ले लेते है उनका फैसला नहीं बदलता है। अनवर ने मोदी जी पर आरोप लगाया - नोटबंदी, कोरोना महामारी आदि का फैसला उन्होंने अकेले ही ले लिए उन्होंने ने किसी की राय लेना जरूरी नहीं समझा। प्रधानमंत्री मंत्री देशभर मे काला धन निकलवाया और नोटबंदी करवाई हर एक पुराने नोट पर सील मरवाई बड़े -बड़े डॉक्टर, मजिस्ट्रेट, शिक्षक, किसान, आम जनता के घरों से काला धन निकलवाया और नोटबंदी करवाई पुरानी 500₹,100₹,नोट की जगह और नई नोट छपवाये जो देखने बहुत अलग है, इसके अलावा मोदी ने 1-1₹ के सिक्कों बंद करवाया जो बहुत ही अलग किये क्योंकि इस बात से जनता भी सहमत है क्योंकि इंसान 1₹ का समान खरीदना है तो उसके पीछे 5₹बर्बाद होते है, जनता भी मोदी जी से सिक्के बंद करवाने के पीछे उनसे काफ़ी नाराज है।
अमितशाह ने कहा है कि मोदी का स्वाभाव सार्वजनिक है उन्होंने अपने मतलब के लिए कभी कुछ नहीं किया है।वह हर एक फैसला जोखिम ले कर करते है जैसे :- उन्होंने कोरोना महामारी के आने से देश भर मे लॉकडाउन लगाने का फैसला उन्होंने जोखिम उठाकर किया क्योंकि यदि लॉकडाउन नहीं लगवाते तो दुनिया भर मे हर एक जगह लाशें बिछ जाती अभी तक तो लाखो लोग ही मरे है। उन्होंने लॉकडाउन तो लगवाया लेकिन हर एक गरीब के अकाउंट मे 500-1000₹ पैसे डाले और गरीबो के घरो मे खाना भेजवाता था और आनाज सब कुछ फ्री मे देने की फुल व्यवसथा मोदी जी ने किया था फिर भी लोग उनको तानाशाह बोलते है जो बिल्कुल सरासर गलत है उन्होंने जो भी किया है जनता की भलाई के लिए किया है।

