R

Ram kumar

Oct 10, 2022others

कोई ऐसी घटना जिसको सुनकर आपको बहुत गुस्सा आया हो ?

2
2 Answers

K
Nov 21, 2018
लड़कियाँ सुरक्षित हैं, ये कहना वर्तमान समय में बहुत मुश्किल है | आज कल का समय ऐसा हो गया है, कि किसी पर विश्वास नहीं किया जा सकता | विश्वास के नाम पर आज कल सिर्फ धोका ही मिल रहा है | लडकियां न घर में सुरक्षित हैं, और न ही घर के बाहर | करें तो क्या करें, इतना कुछ हो रहा है, इस दुनिया में कि "बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ" कहना या सुन्ना सिर्फ झूठ लगता है |

ऐसी कितनी ही घटना है, जहां लड़कियों को उनके शरीर से लेकर उनकी आत्मा तक में घाव हो जाते हैं | क्या किया जाएं ऐसे लोगों के लिए कुछ समझ नहीं आता | आज आपको ऐसी घटनाओ से अवगत करते हैं, जिनको सुनकर इंसान की रूह कांप जाएगी और इंसानियत पर से विश्वास उठ जाएगा |

गुरुग्राम की घटना :-
गुरुग्राम जिसको लोग गुणगाँव नाम से जानते हैं यह घटना वहाँ की है | गुरुग्राम सेक्टर 66 में एक गूगा कॉलोनी हैं, जहां पर 3 साल की एक मासूम बच्ची के साथ रेप हुआ | जिसने उसका रेप किया उसने सिर्फ रेप ही नहीं बल्कि उसकी दर्दनाक हत्या भी की | जिसने ऐसा संगीन गुनाह किया उसको पुलिस ने गिरफ्तार किया और पूछताछ की और उस हत्यारे ने अपना गुनाह कुबूल किया | इतना ही नहीं उसने इस बात को भी कुबूल किया कि उसने अब तक 9 रेप और हत्या की है, और बच्चियों की उम्र 3 से 8 साल थी |

सबसे सोचने वाली बात यह है, कि जिसने गुनाह किया उसकी उम्र 20 साल है, और उसका नाम सुनील है | पुलिस की पूछताछ में यह पता चला की गुरुग्राम में हुई घटना के अलावा उसने दिल्ली में 4, ग्वालियर और झांसी में एक-एक घटनाओ को अंजाम दिया है |

पुलिस सिर्फ पूछताछ करती रहती हैं, जब गुनाह कुबूल कर लिया है, तो सीधा सजा क्यों नहीं देते | क्यों पुलिस स्टेशन को ऐसे गुनहगारों से भर के रखा है | ऐसा ही चलता रहा तो एक गुनेहगार को गिरफ्तार करके पुलिस उससे ही पूछताछ करती रहेगी और तब तक दूसरा कोई गुनाह हो जाएगा |

the-rape-letsdiskuss


1
avatar
Oct 9, 2022

वैसे तो मुझे जल्दी गुस्सा नहीं आता है लेकिन मेरे सामने एक ऐसी घटना घटी इसको देखने के बाद मुझे इतना ज्यादा गुस्सा आया कि मैं अपने गुस्से को कंट्रोल नहीं कर पा रही थी चलिए मैं आपको बताती हूं कि आखिर वह कौन सी घटना घटी जिसकी वजह से मुझे इतना अधिक गुस्सा आया?

हमारे देश में लड़कियां आज भी सुरक्षित नहीं है चाहे घर के अंदर हूं या घर के बाहर एक दिन जब मैं घर से बाहर निकली तो रास्ते में कुछ लड़की एक लड़की को अकेला पाकर उसके साथ छेड़खानी करने लगे और वह लड़की चुपचाप खड़ी होकर वहीं पर हो रही थी अभी वहां पर मैं पहुंची तो मैंने देखा कि वह लड़के उस लड़की के साथ गलत करने की कोशिश कर रहे थे। फिर मैंने उस लड़की को एक सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया. उस समय मुझे सबसे अधिक गुस्सा आया था।Article image

1